Uttar Hamara logo

जनता की सहूलियतों के लिए सीएम अखिलेश ने बनाया जन-सुनवाई पोर्टल

 

task-photo-7f15131d-cea4-45fd-8d82-62b32b5cfed6

photo_uttamup.com

July 06, 2016

कागजों पर फरियाद लिखकर एक विभाग से दूसरे विभाग के चक्कर काटने की बातें पुराने दिनों की हैं। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने जनता को बड़ी सहूलियत देते हुए जन शिकायतों के त्वरित, प्रभावी व पारदर्शी निस्तारण के लिए एकीकृत पोर्टल ‘जन सुनवाई’ बनाया है। यह पोर्टल www.jansunwai.up.nic.in मुख्यमंत्री आॅफिस से संचालित होता और मुख्यमंत्री के सचिव या विशेष सचिव स्तर के अधिकारी इसकी देखरेख करते हैं। इतना ही नहीं इस पर रजिस्टर होने वाली शिकायतों के निपटारे के लिए एक निश्चित समयसीमा तय है। साथ ही शिकायतकर्ता को फीडबैक भी देने की सुविधा दी गई है। इस पोर्टल की सार्थकता का इस बात से भी अंदाजा लगाया जा सकता है कि जनवरी 2016 में लाॅन्च होने के बाद महज तीन माह में 27 अप्रैल तक दो लाख 10 हजार लोगों ने इस माध्यम से शिकायत दर्ज करायी। जबकि 70 फीसदी शिकायतों का निस्तारण भी कर दिया गया था।

jansunwai-patrika

photo_patrika.com

दरअसल मुख्यमंत्री अखिलेश यादव 2012 में यूपी में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने के फौरन बाद मुख्यमंत्री कार्यालय का एक कॉल सेंटर बनाना चाहते थे, जहां लोग अपनी समस्याओं और शिकायतों को बारे में जानकारी दे सकें और समाधान पा सके। कुछ कारणों से यह तक संभव नहीं हो सका, लेकिन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव इसे भला कैसे टाल सकते थे, सो 25 जनवरी 2016 में उन्होंने जनता को राहत पहुंचाने  के लिए एकीकृत शिकायत पोर्टल जन सुनवाई लाॅन्च कर दिया। इस जन सुनवाई पोर्टल से कोई भी प्रदेशवासी सीएम अखिलेश तक अपनी शिकायत या परेशानी दर्ज करा सकता हैं। मुख्यमंत्री खुद इस पोटर्ल की निगरानी करते हैं। यहां यह भी उल्लेखनीय है कि यह देश का इकलौता एकीकृत जनसुनवाई पोर्टल है।

akhilesh-yadav-56a64e16e7153_exlst

photo_uttamup.com

जनसुनवाई पोर्टल के माध्यम से अब आम जनता एक जगह पर शिकायत दर्ज करा सकती है। उन शिकायतों पर होने वाली कार्रवाई की निगरानी की जायेगी, समस्या का समाधान होगा और विलंब के बारे में पता लगेगा। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का मानना है कि शिकायतों पर होने वाली कार्रवाई की अगर निगरानी की जाए तो इसका जल्द और आसानी से समाधान पाया जा सकता है। लोगों की छोटी-छोटी शिकायतें होती हैं, मसलन- पेंशन मिलने में दिक्कत, लेखापाल से परेशानी, रास्ते और नाली के सवाल से जुड़ी दिक्कतें। अब इस एकीकृत पोर्टल के जरिए मुख्यमंत्री ने यह व्यवस्था की दी है कि हर तरह की सूचनाएं एक जगह एकत्र होंगी तो उन तमाम चीजों पर मॉनिटर करके जनता को समय रहते राहत पहुंचायी जा सकेगी।

Banner1H

दरअसल, जन-सुनवाई पोर्टल एक समन्वित शिकायत निवारण प्रणाली है, जिस पर मुख्यमंत्री कार्यालय, जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक कार्यालय, तहसील दिवस और ऑनलाइन माध्यम से मिली सभी शिकायतों का निस्तारण होता है। इस प्रणाली में शिकायतें ई-मार्किंग के जरिये सम्बन्धित अधिकारियों या विभागों को इलेक्ट्रानिक माध्यम से भेजी जाती हैं। इससे घर बैठे ऑनलाइन शिकायत या आवेदन किया जा सकता है। शिकायतकर्ता को किसी दफ्तर जाने की जरूरत नहीं होती है। शिकायतों पर हो रही कार्रवाई की स्थिति के बारे में आॅनलाइन ही पता लगाया जा सकता है। इस पोर्टल पर शिकायत करने वाले को पंजीकरण, अग्रसारण और निस्तारण की सूचना के लिए एसएमएस भी भेजा जाएगा।

कुल मिलाकर जन सुनवाई पोर्टल उत्तर प्रदेश की आम जनता के लिए बहुत काम की चीज साबित होने वाला है। अभी तक लोग शिकायत दर्ज कराने व दर्ज कराई गई शिकायत पर क्या कार्रवाही हुई, यह जानने के लिए विभागों और कार्यालयों के चक्कर काटते रहते थे। सरकार की सीधी नजर शिकायतों पर न होने से, अधिकारी भी इन शिकायतों को रददी की टोकरी में डाल कर अपना पल्ला झाड़ लेते थे। इससे शिकायतकर्ता की शिकायत का निस्तारण तो हो नहीं पाता था। अलबत्ता उनकी चप्पलें जरूर घिस जाती थीं। इस पोर्टल के लाॅन्च होने के बाद आम जनता को कुछ राहत मिलने की संभावना है। यदि सरकार आम जनता की शिकायतों के प्रति सवेंदनशील हुई, तो जनसुनवाई पोर्टल का मकसद सार्थक सिद्ध हो जाएगा। आप अपनी शिकायतों को इस लिंक पर क्लिक करके भी दर्ज करा सकते हैं।

उत्तर हमारा

2 Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Uttar Hamara

Uttar Hamara

Uttar Hamara, a place where we share latest news, engaging stories, and everything that creates ‘views’. Read along with us as we discover ‘Uttar Hamara’

Related news